DAINIIMAIL CITY ALERT जालंधर में बुकी गैंगस्टर्स नेटवर्क धड़ल्ले से चल रहा था, आंखे मूंदे बैठी थी जालंधर पुलिस, आईजी कुंवरविजयप्रताप सिंह ने किया नेटवर्क ब्रेक

By जालंधर Published on 2017-05-17 11:03:54.

निखिल शर्मा,(जालंधर) एसटीएफ ने जालंधर में मोंटी को गिरफ्तारी कर बुकी गैंगस्टर्स कनेक्शन ब्रेक किया है. मगर जालंधर पुलिस आंखे मूंद बैठी थी.यही जालंधर पुलिस कुछ साल पहले मोंटी को सट्टेबाजी के आरोप में गिरफ्तार कर चुकी थी. मगर उसके बाद पुलिस ने कभी हाथ नहीं डाला. सट्टेबाजों के जाल में फंसे लोगों को गैंगस्टरों से फोन करवा धमकाना इस धंधे की रीत बन चुकी है. शहर में कई पुराने सट्टेबाज है जिनका नाम पुलिस रिकार्ड में है मगर फिर भी पुलिस उनकी तरफ देखती तक नहीं. दिखावे के लिए कोई रेत बजर बेच रहा है, कोई पब चल रहा है मगर हकीकत में धंधा यही है. मोंटी की गिरफ्तारी के पीछे इमानदार अफसर कुंवर विजय प्रताप सिंह का नाम आने के बाद बुकीज घबराए तो हैं मगर धंधा बंद नहीं किया. शायद वे इस बात से अंजान है कुंवर विजय प्रताप राजनीतिक दबाव न झेलने के लिए जाने जाते है. खास बात यह है कि इन सभी के संबंध अलग अलग गैंगस्टरों से है. कुंवर विजय प्रताप जैसे अफसर की तरफ से इस कार्रवाई के बाद उन पुलिस वालों के लिए भी परेशानी खड़ी हो सकती है जो सट्टेबाजों से संबंध बनाए बैठे थे. अमृतसर के बुकी काका अंबरसरिया के जरिए जालंधर के अधिकतर बुकी धंधा चला रहे थे. बुकी गैॆगस्टर्स कनेक्शन के चलते शहर का एक बुकी किडनेप भी हो चुका है जिससे एक करोड़ की फिरौती मांगी गई थी. हालांकि उसे छुड़ा लिया गया था. मगर इतना सब कुछ होने के बाद भी धंधा नहीं छूटा. यदि आईजी कुंवर विजय प्रताप सिंह मामले की गहराई में गए तो ऐसे कई लोग सामने आ सकते हैं जिनसे गैंगस्टरों का डर दिखा कर लाखों करोड़ों की रिकवरी की गई है.